तेरी जुदाई तेरी आहट – प्रेम कविता | Hindi Love Poem

यूं होता है कभी की हम चलते चलते बहक जाते  है, बैठे बैठे कही खो जाते है, बोलते बोलते रुक जाते है..! और ऐसा तभी होता है जब एक उस शख्स जिस हमने जान से ज्यादा चाहा था, पर वो हमसे दूर चले जाते हमेशा के लिए हमे अकेला छोड़ और जब उनके बिना रहना मुश्किल हो जाता है, तब पल पल उसके यादो के साया हमारे पीछे होता है..। ऐसे ही जुदाई को बयाँ करती ये कविता पढ़े – ” तेरी जुदाई तेरी आहट। “

तेरी जुदाई तेरी आहट

तेरी जुदाई

हर कदम में तेरी ही आहट सुनाइ देती है।
क्या करू कि दर्द अब तेरी जुदाई देती है।।
नीन्द भर सोये हुए अरसा हुआ मुझको।
कि रात भर ख्वाबो में अब तू ही दिखाई देती है।।

खिलखिलाहट से तेरी खिलता था यू जो घर।
खामोशी अब दिवार पे चस्पा सुनाई देती है।।
झूठी खुशी से रोकता हू साकी मैं अपना गम।
तन्हाई आ आ कर मुझे सच्ची रूलाई देती है।।
हर कदम में तेरी ही आहट सुनाइ देती है।
क्या करू कि दर्द अब तेरी जुदाई देती है।।

कहते है कायनात में रंगी है हर एक स्याही।
तेरे बिना कायनात भी फींकी दिखाई देती है।।
रेत के मानिन्द फिसला जा रहा है वक्त।
घड़ी की टिक टिक मे तेरी हलचल सुनाई देती है।।
हर कदम में तेरी ही आहट सुनाइ देती है।
क्या करू कि दर्द अब तेरी जुदाई देती है।।

चलते चलते राह पे बहकते है कदम।
हवा के झोको में तू हसती सुनाई देती है।।
मेहफिल-ए-मस्ती मे तुझे जाके क्या ढुंढे हम।
मेहफिल भी तेरे बिन मरघट दिखाई देती है।।
हर कदम में तेरी ही आहट सुनाइ देती है।
क्या करू कि दर्द अब तेरी जुदाई देती है।।

हर कदम मे तेरी ही आहट सुनाई देती है।
क्या करू कि दर्द अब तेरी ही जुदाई देती है।।
नीन्द भर सोये अरसा हुआ मुझको।
कि रात भर ख्वाबो मे अब तु ही दिखाई देती है।


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Chandan Bais

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2 लोगो के विचार

  1. Razz says:

    किसी का दिल इतना मत दुखाओं मत के वो भगवान के सामने तुम्हारा नाम लेकर रो पड़े , क्योंकि टूटे हुवे दिल से निकली आह अर्श तक जाती है,,,

    • आपने सही कहा राज जी लेकिन

      यूं होता है कभी,
      जो हमें नही करना चाहिए,
      हम न चाहते हुए भी वो कर जाते है,
      और जो हमें करना चाहिए,
      चाह के भी वो ना कर पाते है,
      खुद का खुद पे काबू नही होता है,
      बस एक बदनसीबी होती है,
      जब वो ही बुरे वक़्त में साथ न दे,
      जिसे हम जिंदगी भर साथ चाहते है,

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