Category: प्राकृतिक कविताएँ

प्राकृतिक कविताएँ, प्रकृति की खूबसूरती और रोचकता पर कविताएँ।

ऋतुओ पर कविताएँ, सुबह-शाम की खूबसूरती पर कविताएँ। पक्षियों, पौधों, जीवों पर कविताएँ।

बसंत के दोहे

वसंत ऋतु पर कविता :- आयो वसंत | बसंत ऋतु पर छोटी कविता

वसंत ऋतु पर कविता में पढ़िए चारों ओर हरियाली और बहार के दृश्य का वर्णन। कैसे बसंत में जहाँ एक ओर पेड़-पौधे हरे-भरे होते हैं वहीं कई खेत सरसों के...

धरती बचाओ पर कविता

धरती बचाओ पर कविता :- धरती हमसे कहती पुकार | ग्लोबल वार्मिंग पर कविता

धरती बचाओ पर कविता जो बताती है ग्लोबल वार्मिंग के कारन होते आज के हलातों के बारे में। कैसे आज का इंन्सान अपने स्वार्थ के कारन धरती का शोषण कर...

वृक्षारोपण पर कविता

वृक्षारोपण पर कविता :- वृक्ष लगाओ प्रदूषण हटाओ पर एक बेहतरीन रचना

वृक्षारोपण पर कविता प्रेरित करती है अपने आप-पास के बढ़ते प्रदूषण को कम करने के लिए ज्यादा से ज्यादा पेड़ लगाने के लिए। प्रदूषण कम करने के लिए हमें पर्यावरण...

धरती बचाओ पर कविता

पेड़ पौधों पर कविता :- पेड़ पौधे हमारी शान | पेड़ पौधे बचाने के लिए प्रेरित करती कविता

वृक्ष हमारे जीवन के बहुत लाभदायक हैं। इनसे हमें लकड़ी, गोंद, रबड़, फल आदि बहुत सी चीजें प्राप्त होती हैं। इसके बावजूद हम अपने मतलब के लिए इन बेजुबान पेड़ों...

सावन पर छोटी कविता

सावन पर छोटी कविता :- जीवंत हो उठता है बचपन | बचपन की यादें भाग – 4

बचपन की यादों को कौन भूल सकता है भला। यही तो जीवन का वह समय होता है जब हम खुल कर अपने जीवन का आनंद लेते हैं। इसके बाद तो...

वृक्षारोपण पर कविता

पर्यावरण संरक्षण पर कविता :- पर्यावरण दिवस पर छोटी कविता | Paryavaran Par Kavita

आज के युग में मानव अपने सुख के लिए धरती माता के साथ बहुत अन्याय कर रहा है। यदि भविष्य में ऐसा ही चलता रहा तो बहुत जल्द मानव का...