प्यार की परिभाषा – प्यार क्या है? प्यार पर कविता | Definition Of Love Hindi Poem

हमारी जिंदगी में प्यार की बहुत महत्वता है। लेकिन प्यार क्या है? इसका अर्थ क्या है? इस बारे में हम लोगों की अपनी-अपनी विचारधारा है। जिस व्यक्ति के जैसे विचार होते हैं उसे प्यार का वैसा ही अर्थ मिलता है। माता-पिता, दोस्त, भाई-बहन, अध्यापक आदि सबसे हमें प्यार मिलता है। ये हमारी सोच ही है कि हम इसे किस नजरिये से देखते हैं। इसी तरह मैंने भी अपनी विचारधारा से प्रेरित होकर प्यार पर एक कविता लिखी है- प्यार की परिभाषा ।

प्यार की परिभाषा

प्यार की परिभाषा

अंधेरों में भटके जो कोई
या रह न जाये कोई आशा,
हाथ बढ़ा कर साथ दे कोई
यही है प्यार की परिभाषा ।

जब टूट जाये हिम्मत सारी
चिंता का बोझ लगे भारी,
तनहाई हर पल साथ रहे
और मन में रहे जिम्मेदारी,
तब वक़्त भागता जाता है
और डर भविष्य का खाता है,
बन कर फरिश्ता ऐसे वक़्त में
शख्स जो कोई आता है,
देता है उम्मीद नई फिर
ताकत और दिलासा,
हाथ बढ़ा कर साथ दे कोई
यही है प्यार की परिभाषा ।

साया जो हर पल साथ रहे
जिसके रहने से विश्वास रहे,
दुनिया क्या बिगाड़े की उनका
खुशियों को उनकी तलाश रहे,
अनुभव उनका कुछ ऐसा है
जो कभी न गिरने देता है,
बुरी नजर का साया भी
राह अपना बदल लेता है,
माँ-बाप के आशीर्वाद से ही
होती है दूर निराशा,
हाथ बढ़ा कर साथ दे कोई
यही है प्यार की परिभाषा ।

सच्चा वही जो संग तेरे है
जब दौर मुसीबत का साथ रहे,
कितनी भी आंधी हो कहर की
तेरे हाथ में उसका हाथ रहे,
हर ओर से जब धिक्कार पड़े
तेरे लिए सबसे वो हर बार लड़े,
तेरे कंधों को मजबूत वो करके
तुझे जल्द से जल्द वो खड़ा करे,
तेरे हर पल आगे बढ़ने की
जब हो किसी को अभिलाषा,
हाथ बढ़ा कर साथ दे कोई
यही है प्यार की परिभाषा ।

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कविता पढ़ने के बाद प्यार के बारे में अपने विचार जरूर दें। और ये कविता शेयर करे। धन्यवाद।

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Sandeep Kumar Singh

बस आप लोगों ने देख लिया जीवन धन्य हो गया। इसी तरह यहाँ पधारते रहिये और हमारा उत्साह बढ़ाते रहिय्रे। वैसे अभी तो मैं एक अध्यापक हूँ साथ ही इस अपने इस ब्लॉग क लिए लिखता हूँ। लेकिन मेरे लिए महत्वपूर्ण है आप लोगों के विचार। अपने विचार हम तक अवश्य पहुंचाएं। जिससे हम उन पर काम कर के आपकी उमीदों पर खरे उतर सकें। धन्यवाद।

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2 लोगो के विचार

  1. बहुत खूब। प्‍यार की परिभाषा आपके माध्‍यम से जानकर अच्‍छा लगा। प्‍यार तो सिर्फ प्‍यार ही होता हैै। इसमें धोखा, किंतु परंतु के लिए कोई स्‍थान नहीं है। बहुत ही बढि़या रचना लिखने के लिए आपका धन्‍यवाद।

  2. Mr. Genius says:

    अपने विचार लिखने के लिए धन्यवाद जमशेद आज़मी जी।

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