एक बूँद इश्क – The Last Wish | इश्क पर कविता

You may also like...

2 लोगो के विचार

  1. बहुत खूब।

    इश्क़ में न जाने क्या बात है, सारी दुनिया भुलवा देता है।
    इश्क़ में न जाने क्या गुरूर है, इंसान को खुदा बना देता है।।

    इश्क़ में न जाने कैसी नजाकत है, इसके सामने कुछ और नजर ही न आता है।
    इश्क़ का न जाने क्या दस्तूर है, खुद को ही भुलवा देता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *